डॉक्टर मरीजो पर नहीं दे रहे ध्यान

पीडि़त ने लगाये असहयोग के लगाये आरोप

(संतोष शर्मा)
धनपुरी। केन्द्रीय चिकित्सालय सोहागपुर क्षेत्र में इन दिनों अव्यवस्थाओं का बोलबाला है, प्रतिदिन सैकड़ों की ओपीडी वाले अस्पताल में डॉक्टर ही मरीज देखते हैं, ऐसे में गर्भवती को घंटों लाइन में जूझना पड़ता है। साथ ही डॉक्टर मरीज व तीमारदारों से अभद्रता करते हैं। जब मन करता है डॉक्टर ओपीडी छोड़कर चले जाते है, मरीजों को बाहरी दवा व जांच लिखने का खेल भी चल रहा है। बावजूद इसके जिम्मेदार अफसरों की नजर नहीं पड़ रही है।
यह है मामला
मंगलवार को नर्मदा प्रसाद विश्वकर्मा, सीनियर सर्वेयर सोहागपुर क्षेत्र ने मुख्य चिकित्सा सेवाएं बुढ़ार को शिकायत सौंपते हुए बताया कि वह मंगलवार को अपनी पत्नी के इलाज के लिए बुढ़ार केन्द्रीय चिकित्सालय गया था, जहां पर डॉ. श्रीमती रानी राव के पास मेडिकल कार्ड जमा करने के पश्चात उनके चेम्बर के सामने बैठा था, मेरी पत्नी के पेट में असहनीय पीड़ा होने पर डॉ. श्रीमती रानी राव से निवेदन किया कि मैडम मेरी पत्नी के ऑपरेशन वाले जगह पर असहनीय पीड़ा है, उसे देख लीजिए, लेकिन डॉ. श्रीमती राव ने मुझ पर झल्लाते हुए मेरे पास बहुत काम है, आप लोग चले आते हो, जब मैनें कहा हम चले जाते हैंं तो बोली आ गये हो, तो बैठो, उसके मुझे चेम्बर से बाहर जाने को कहा और कहा कि वहां क्यों खड़े हो, क्या तुम्हारी पत्नी छोटी बच्ची है, बाहर जाओ, मैं चेम्बर से बाहर हो गया, उसके बाद डॉक्टर द्वारा मेरी पत्नी से भी कठोरता से बात करते हुए कहा कि आपरेशन के समय जो पेट में गांठ पड़ गई थी, वही दर्द कर रही है, साथ ही कहा दर्द तो होगा, साथी असहयोगात्मक रवैया अपनाया।
कोई नया मामला नहीं
उक्त चिकित्सालय की बात की जाये तो यह कोई यह पहला मामला नहीं है, मरीजों की माने तो उक्त चिकिल्सालय प्रबंधन द्वारा आये दिन मरीजों के साथ अभद्रता की जाती है, लेकिन जिम्मेदारों को मरीजों से शायद कोई सरोकार नहीं रह गया है, जहां एक ओर चिकित्सालय की व्यवस्थाओं को लेकर पूर्व में कई सवाल खड़े हो चुके हैं, उसके बाद भी जिम्मेदार मौन बैठे हुए, शिकायतकर्ता ने उक्त मामले को संज्ञान में लेने के लिए प्रबंधन से गुहार लगाई है, जिससे आने वाले दिनों में मरीजों व उनके साथ आये तीमारदारों से अनुचित व्यवहार न हो।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *