सदा की भांति भ्रष्टाचार का फल खा रहे जिम्मेदार

भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई आंगनबाड़ी की रंगाई- पुताई

उमरिया। वित्तीय वर्ष 2019-20 मे आंगनबाड़ी सेवा योजना (आयोजना) 64-001 जिले अंतर्गत महिला बाल विकास विभाग को संचालनालय महिला बाल विकास विभाग भोपाल द्वारा आंगनबाड़ी भावनाओं के अनुरक्षण/ मरम्मत, रंगाई पुताई एवं रखरखाव हेतु जिले की 530 आंगनबाड़ी भवनों को प्रति केंद्र 3000 के मान से 1590000 की स्वीकृति वर्तमान में शहडोल मे आयुक्त नरेश पाल कुमार द्वारा दी गई थी, जब ये आयुक्त संचालनालय महिला बाल विकास भोपाल में पदस्थ थे।
अधिकारियों की मिली भगत
खबर है कि जिले की 463 आंगनबाड़ी भवनों में किसी भी तरह का रंगाई पुताई का कार्य बिना कराये उक्त कार्य के नाम पर 1389000 का घोटाला तत्कालीन महिला बाल विकास अधिकारी, परियोजना अधिकारी करकेली सुरेंद्र सदाफल एवं परियोजना अधिकारियों की मिली भगत से किया गया है। इसमें परियोजना उमरिया क्रमांक 1 की 130 अगनबाड़ी भवन परियोजना उमरिया क्रमांक 2 करकेली की 89 आंगनवाड़ी भवन, परियोजना पाली में 161 आंगनवाड़ी भवन परियोजना मानपुर में 190 आंगनबाड़ी भवन शामिल है।
3 वर्ष से अधिक पुराना कार्य
शासन के नियम निर्देशों के तहत राशि आवंटित बजट का उपयोग उन आंगनबाड़ी भवनो हेतु किया जाना था, जिनका निर्माण कार्य कम से कम 3 वर्ष या उससे अधिक पुराना है, लेकिन तत्कालीन डीपीओ श्रीमती शांति बेले व वर्तमान में पदस्थ सभी परियोजना अधिकारियों द्वारा उन आंगनबाडिय़ों का भी चयन कर लिया गया, जिन्हें 3 वर्ष के अंदर चाईल्ड फ्रेन्डली, आदर्श आंगनबाड़ी केन्द्र ,बाल शिक्षा केन्द्र के रूप मे उन्नयन कर बनाया गया था। इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2018-19 मे भी जिले की 56 आंगनबाड़ी केंद्रों के रंगाई पुताई हेतु प्रति केंद्र 2000 के मान से 112000 की राशि प्राप्त हुई थी।
जांच से उठेगा पर्दा
आंगनबाड़ी भवनों में रंगाई पुताई हेतु विभाग के बड़े-बड़े अधिकारियों ने शासन से प्राप्त आवंटित बजट का गबन कर लिया है, 56 आंगनबाडिय़ों में से परियोजना उमरिया क्रमांक 1 की 4 आंगनबाड़ी केंद्र, परियोजना उमरिया क्रमांक 2 की सभी 11 आंगनबाडी, परियोजना मानपुर की 2 आंगनबाड़ी केंद्र मिलाकर जिले की 17 आंगनबाड़ी केंद्रों को भी वित्तीय वर्ष 2019-20 की सूची में शामिल कर बिना किसी भी प्रकार का रंगाई पुताई, मरम्मत व रखरखाव का कार्य कराए बिना शासन की राशि का गबन किया गया है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि अगर पूरे मामले में जांच की जाये तो, पूरे भ्रष्टाचार से पर्दा उठ सकता है।
इनका कहना है…
आंगनबाड़ी भवन की पुताई के लिए कार्यकर्ताओं के खाते में राशि आई थी, अगर किसी आंगनबाड़ी भवन की पुताई नहीं हुई तो, आप हमें बतायें, अगर गलत हुआ है तो, कार्यवाही होगी।
सुरेन्द्र सदाफल
परियोजना अधिकारी
करकेली

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