देव संगम गोदावलधाम में माता सबरी की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा

शोभायात्रा के साथ भण्डारे का हुआ आयोजन

(सुनील मिश्रा) -9755476196

ब्योहारी। नगरीय क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थल देव संगम गोदावलधाम में मंदिरों की श्रंखला में एक और मंदिर माता सबरी सहित आकर्षित देव प्रतिमाओं की प्राण-प्रतिष्ठा व विशाल भंडारे का आयोजन गोदावल में धूमधाम के साथ देवसंगम गोदावलधाम समिति द्वारा संपन्न हुआ। क्षेत्र के प्रमुख प्राकृतिक स्थल गोदावल की पहाडिय़ों सघन वन क्षेत्र प्राकृतिक कुंड, गुफा, पुरानी मंदिरों आदि का जीर्णोद्धार कर इसे स्वर्ग जैसा सुन्दर और प्राकृतिक सौन्दर्य से परिपूर्ण कर मनोरम स्थल के रुप में पुन: स्थापित करने खुशीराम का सपना साकार हो रहा है। इस क्षेत्र के प्राकृतिक रमणीय धार्मिक स्थल गोदावलधाम की धरा पर नवनिर्मित मंदिर में माता सबरी, राम, लक्ष्मण, हनुमान सहित रामायण के अन्य पात्रों की अत्यंत आकर्षक देवप्रतिमाओं की विधि-विधान से मंत्रोच्चारण के साथ प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम का आयोजन 29 दिसम्बर को हुआ और अगले दिन 30 दिसंबर को टंकी तिराहा रीवा रोड़ से राम-लक्ष्मण, सबरी की मनमोहक झांकी के साथ सैकड़ों लोग गाते-बजाते मेन रोड से गोदावलधाम तक भव्य शोभायात्रा निकाली। यात्रा में नगर भ्रमण के दौरान क्षेत्रीय विधायक शरद कोल सहित सैकड़ों स्थानीय प्रबुद्ध नागरिक रथ यात्रा में शामिल रहे।  देवसंगम गोदावल धाम में प्रसाद वितरण के रुप में भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। जिसमें क्षेत्र के हजारों लोग शामिल होकर प्रसाद ग्रहण किया।
नगर के प्रमुख समाजसेवी व देवसंगम गोदावलधाम सामाज कल्याण समिति ब्योहारी के प्रमुख खुशीराम रघुवंशी व समिति के अन्य सदस्यों के अथक प्रयास से भव्य धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन  किया गया। नगरीय क्षेत्र के इस धार्मिक व प्राकृतिक स्थल पर केवल प्रति वर्ष मकर संक्रांति के अवसर पर नगर निकाय द्वारा पाँच दिवसीय मेले का आयोजन किया जाता था, जिसके बाद यह प्रमुख स्थल उपेक्षित ही रहता था,लेकिन अभी कुछ वर्षो से गोदावल की पहाडिय़ों और प्राकृतिक स्थलों पर श्रृंखलाबद्ध तरीके से आकर्षित मंदिरों का निर्माण सामुदायिक भवन धर्मशाला पार्क स्वीमिंग बांध और नीचे से पहाड़ी के ऊपर तक सीढिय़ों का निर्माण तथा प्राकृतिक सौन्दर्य को सहेज आकर्षित मनोरम बनने से लोगों के बीच इस पुरातन धार्मिक स्थल का महत्व तेजी से बढ़ा है और लोगों में यह एक प्रमुख पिकनिक स्पॉट के रूप में लोकप्रिय भी हो रहा है।  इस पुरातन महत्व के धार्मिक स्थल के प्रति जिम्मेदारों की उदासीनता से यहां का प्राकृतिक सौंदर्य छिन्न-भिन्न होने लगा और पुरानी मंदिरें भी जीर्णशीर्ण होने लगी थी।
स्थानीय प्रशासन केवल मकर संक्रांति में लगने वाले मेले के दौरान ही सक्रिय होता था। इसके बाद  इस महत्वपूर्ण स्थल को इसके हाल पर छोड़ देता था, लेकिन पिछले तीन-चार सालों से नगर के प्रबुद्ध नागरिक सर्वहारा वर्ग में स्थानीय समाजसेवी खुशीराम रघुवंशी द्वारा नगर के अन्य प्रमुख समाजसेवियों को जोड़ देव संगम गोदावलधाम समाज कल्याण समिति गठित कर इस प्रमुख धार्मिक स्थल को स्वर्ग जैसा मनोरम बनाने का बीडा उठाया और आज वह स्थल क्षेत्र का प्रमुख धार्मिक स्थलों में गिना जाने लगा। साल के ज्यादातर तीज त्योहार के प्रमुख अवसर पर यहां भव्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किये जाते है, यहां के प्राकृतिक कुंड, पहाड़ी और झरने को मनोरम बना उसके पानी पर डैम बनाकर आकर्षक बनाया गया है, अभी दर्जनों मन्दिर पार्क तथा आकर्षक भव्य मूर्तियों का निर्माण होना है। जिसमें से अभी कुछ निर्माणाधीन स्थित में है।  इस पुरातन प्राकृतिक धार्मिक स्थल को सहेजने-संबारने और भव्य बनाने में देवसंगम गोदावलधाम समाज कल्याण समिति के प्रमुख खुशीराम रघुवंसी और उनकी टीम का प्रमुख योगदान बताया जा रहा है। शोभायात्रा और विशाल भंडारे के कार्यक्रम में प्रमुख भूमिका क्षेत्रीय विधायक सहित ओमप्रकाश सोनी, सेवानिवृत्त तहसीलदार कैलाश हलबाई, ब्रजबासी तिबारी,धीरज सिंह राजन गुप्ता, संजय गुप्ता, अरविंद गुप्ता, विजय गुप्ता, जय अवधिया, केशवमामू, पप्पी बर्मन, रंगा, राजू, लड़कू सहित सैकड़ों गणमान्य स्थानीय नागरिकों का योगदान सराहनीय रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *