पीएचई ऑफिस के इर्द-गिर्द बिखरी पड़ी है जल शुद्धीकरण की दवाईयां 

शहडोल। शासन द्वारा प्रदेश में जल शुद्धीकरण के लिए तरह-तरह के प्रयास किये जा रहे हैं, लेकिन जिले का लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग लगातार निकम्मा बना हुआ है, जिले के ग्रामीण क्षेत्र में जल शुद्धीकरण के लिए दवाईयां तो खरीदी गई, लेकिन वितरित नहीं की गई, दवाईयों का स्टॉक पीएचई कार्यालय तक सीमित रहा, अब जब दवाईयां एक्सपॉयर हो गई हैं, तो कार्यालय के इर्द-गिर्द फेंककर नष्ट की जा रही है। बताया गया है कि पीएचई कार्यालय के सामने तालाब है, उसी के इर्द-गिर्द हजारों की संख्या में जल शुद्धीकरण के दवाईयों की शीशी पड़ी हुई है, यह दवाईयां कब खरीदी गई, कितने में खरीदी गई, ग्रामीण क्षेत्रों में जल शुद्धीकरण के लिए वितरित क्यों नहीं की गई, इस पर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कर्मचारी-अधिकारी मौन साधे हुए हैं। सूत्रों की माने तो, यह दवाईयां लाखों की हैं, जिनको जल शुद्धीकरण के लिए खरीदा गया था, लेकिन अधिकारी-कर्मचारी की लापरवाही के कारण इसे वितरित नहीं किया गया। अब इन दवाईयों को नष्ट करने के लिए तालाब व इर्द-गिर्द फेंका जा रहा है, इस मामले में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन यंत्री ने बताया कि हम अभी हाल में ही पदभार लिये हैं, फेंकी गई दवाईयां हमारे कार्यकाल की नहीं है, दवाईयों का वितरण एसडीओ स्तर के अधिकारियों के अधिकार क्षेत्र में है, इन दवाईयों के संबंध में सोहागपुर एसडीओ ही कुछ बता सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *